कोलकाता, 24 दिसंबर । 2026 के पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनावों को लेकर जनत उन्नयन पार्टी में बड़ा फेरबदल देखने को मिला है। बालीगंज विधानसभा सीट से पार्टी उम्मीदवार निष्ठा चटर्जी का नाम हटाने के 24 घंटे के भीतर ही पार्टी संस्थापक हुमायूं कबीर ने उनकी जगह सेवानिवृत्त पुलिस अधिकारी अबू हसन को उम्मीदवार घोषित कर दिया।
बुधवार को इस फैसले की घोषणा करते हुए हुमायूं कबीर ने कहा कि निष्ठा चटर्जी को इसलिए उम्मीदवार पद से हटाया गया क्योंकि उनकी सोशल मीडिया गतिविधियां पार्टी की छवि के अनुरूप नहीं थीं।
हुमायूं कबीर ने कहा कि अबू हसन मेरे मामा नहीं हैं, बल्कि मेरी मां के चचेरे भाई हैं। उनके बच्चों को कुछ आपत्तियां थीं, जिन्हें मैं सुलझाऊंगा। उनकी जीत सुनिश्चित करना मेरी जिम्मेदारी है।
वहीं, उम्मीदवार बनाए जाने के बाद अबू हसन ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि मैं राजनीति से जुड़ा व्यक्ति नहीं हूं। मैंने पूरी जिंदगी पुलिस सेवा में बिताई है। हुमायूं ने मुझको चुनाव लड़ने के लिए जोर दिया।
अबू हसन मूल रूप से बीरभूम जिले के राजनगर के निवासी हैं, लेकिन पिछले कई वर्षों से कोलकाता के बेकबागान इलाके में रह रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि गत चार दिसंबर को तृणमूल कांग्रेस से निलंबित होने के बाद हुमायूं कबीर ने अपनी नई पार्टी बनाने की घोषणा की थी। उन्होंने कहा था कि वह 2026 के विधानसभा चुनाव में 100 से अधिक सीटों पर उम्मीदवार उतारेंगे।
सोमवार को हुमायूं कबीर ने आधिकारिक तौर पर जनत उन्नयन पार्टी का गठन किया और 10 विधानसभा सीटों के लिए उम्मीदवारों की सूची जारी की, जिनमें दो सीटों पर उन्होंने स्वयं अपना नाम भी शामिल किया।
