Notice: Function _load_textdomain_just_in_time was called incorrectly. Translation loading for the wordpress-seo domain was triggered too early. This is usually an indicator for some code in the plugin or theme running too early. Translations should be loaded at the init action or later. Please see Debugging in WordPress for more information. (This message was added in version 6.7.0.) in /home/ahscw237zdpo/public_html/wp-includes/functions.php on line 6121
चुनावी हिंसा में सीबीआई जांच जारी लेकिन ममता सरकार ने नहीं बनाई एसआईटी, हाईकोर्ट सख्त - Kolkata Saransh News

चुनावी हिंसा में सीबीआई जांच जारी लेकिन ममता सरकार ने नहीं बनाई एसआईटी, हाईकोर्ट सख्त

कोलकाता::पश्चिम बंगाल में चुनाव बाद हुई हिंसा की जांच के सिलसिले में हाईकोर्ट के आदेश के मुताबिक केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) तो जांच शुरू कर चुकी है लेकिन विशेष जांच दल (एसआईटी) निष्क्रिय पड़ा हुआ है। इसे लेकर मंगलवार को हाईकोर्ट ने तीखी टिप्पणी की है और स्पष्ट कर दिया है कि इस तरह से लापरवाही होती रही तो कड़ा कदम उठाएंगे।
मंगलवार को मामले की सुनवाई में कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश राजेश बिंदल ने कहा, “हम जानते हैं कि सीट काम नहीं कर रही है। जरूरत पड़ी तो कड़ा कदम उठाए जाएंगे।”
विशेष जांच दल (एसआईटी) में कोलकाता के पुलिस आयुक्त सौमेन मित्रा, आईपीएस सुमनबाला साहू और रणबीर सिंह शामिल हैं। हाई कोर्ट ने अपने आदेश के साथ ही एसआईटी के पैनल का भी जिक्र किया था। याचिकाकर्ता का कहना है कि चुनाव के बाद हुई हिंसा पर हाईकोर्ट के आदेश का ठीक से पालन नहीं हो रहा है।

कई वादियों का कहना है कि 19 अगस्त को हाईकोर्ट ने उन्हें छह सप्ताह के भीतर रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया था। सीट ने अभी तक काम करना शुरू नहीं किया है। तो वे अदालत को क्या रिपोर्ट करेंगे? सीट नजर नहीं आ रही है। वे कहां हैं?

सीबीआई ने पहले ही कूचबिहार से लेकर डायमंड हार्बर तक के विभिन्न जिलों में एक के बाद एक प्राथमिकी दर्ज कर रही है। सीबीआई अब तक 26 एफआईआर दर्ज कर चुकी है। केंद्रीय एजेंसी ने सोमवार को शांतिनिकेतन थाना नानूर का भी दौरा किया। अब एसआईटी के अधिकारियों पर हाईकोर्ट ने जो टिप्पणी की है उससे राज्य सरकार पर दबाव बढ़ रहा है। चुकी ये सारे अधिकारी राज्य सरकार के अधीनस्त हैं इसलिए माना जा रहा है कि शीर्ष स्तर पर हरी झंडी नहीं मिलने की वजह से ही जांच नहीं हो रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *