
आसनसोल। पश्चिम बर्दवान जिले के आसनसोल में पश्चिम बंगाल सरकार की मंत्री अग्निमित्रा पाल के नाम पर कथित रूप से 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगने का मामला सामने आया है। इस मामले में आसनसोल दक्षिण थाना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। पुलिस मामले की विभिन्न पहलुओं से जांच कर रही है तथा कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई जारी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, मंत्री अग्निमित्रा पाल के नाम का कथित दुरुपयोग कर 20 लाख रुपये की रंगदारी मांगने की शिकायत मिलने के बाद मामले को गंभीरता से लिया गया। प्रारंभिक जांच के उपरांत पुलिस ने एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है, ताकि यह पता लगाया जा सके कि उसने यह कृत्य अकेले किया या इसके पीछे किसी अन्य व्यक्ति अथवा गिरोह की भी संलिप्तता है।
घटना पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए मंत्री अग्निमित्रा पाल ने कहा कि भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार में इस प्रकार की गैरकानूनी गतिविधियों को किसी भी परिस्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि कानून से ऊपर कोई नहीं है और यदि इस मामले में कोई दोषी पाया जाता है तो उसके विरुद्ध बिना किसी भेदभाव के सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मंत्री ने कहा, “यदि आरोपी भाजपा का सदस्य भी हुआ, तब भी उसे किसी प्रकार का संरक्षण नहीं मिलेगा। कानून अपना काम करेगा और दोषी के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।” उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता कानून-व्यवस्था बनाए रखना और आम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। आसनसोल दक्षिण थाना पुलिस ने बताया कि आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है तथा मामले की जांच लगातार जारी है। पुलिस यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित रंगदारी मांगने के पीछे वास्तविक उद्देश्य क्या था और क्या इस मामले में किसी अन्य व्यक्ति की भूमिका भी है।
हालांकि, अभी तक आधिकारिक रूप से यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि गिरफ्तार व्यक्ति का किसी राजनीतिक दल से कोई संबंध है या नहीं। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने से पहले किसी भी प्रकार के निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। सभी तथ्यों, उपलब्ध साक्ष्यों तथा पूछताछ के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी हुई है और अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आ सकेगी।
