
रानीगंज। रानीगंज की प्रतिष्ठित सांस्कृतिक संस्था “आवृत्ति अकादमी रानीगंज” की पहल पर रविवार को “सारा शिल्पांचल आवृत्ति प्रतियोगिता 2026” का भव्य और सफल आयोजन किया गया। इस आयोजन ने पूरे क्षेत्र को साहित्यिक और सांस्कृतिक रंग में रंग दिया, जहां प्रतिभागियों ने अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति से दर्शकों का मन मोह लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ पारंपरिक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इस अवसर पर रानीगंज के पूर्व नगर प्रमुख गौतम घटक, शिक्षाविद एवं वैज्ञानिक अजय कुमार खैतान, समाजसेवी बलराम राय, गोपाल आचार्य सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के सांस्कृतिक कार्यक्रम युवाओं में साहित्य के प्रति रुचि को बढ़ावा देते हैं। इसके अलावा कार्यक्रम में रानीगंज बॉयज हाई स्कूल के पूर्व प्रधान शिक्षक दुलाल कर्मकार, रानीगंज ब्लॉक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सक एवं लेखक डॉ. तिलक नाथ घोषाल, कवि अचिंत्य मंडल, नाट्य व्यक्तित्व हृदयनाथ चटर्जी, अध्यापिका मौसूमी मित्रा, बिस्वनाथ बनर्जी तथा “कृष्टि ओ कल्लोल” पत्रिका के संपादक जितेंद्र दत्ता भी उपस्थित रहे। इस प्रतियोगिता की खास बात यह रही कि इसमें केवल पश्चिम बर्धमान ही नहीं,बल्कि आसनसोल-दुर्गापुर, रानीगंज के अलावा बांका, पुरुलिया और पूर्व बर्धमान जिलों से भी बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। विभिन्न आयु वर्गों के प्रतिभागियों ने अपनी शानदार आवृत्ति प्रस्तुत कर दर्शकों की खूब सराहना बटोरी।
कार्यक्रम के दौरान “आवृत्ति अकादमी रानीगंज” के विद्यार्थियों के बीच अंतर-अकादमी प्रतियोगिता भी आयोजित की गई, जिससे विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा निखारने का अवसर मिला। कुल 9 अलग-अलग वर्गों में लगभग 300 आवृत्तिकारों ने भाग लिया, जिससे पूरे आयोजन में प्रतिस्पर्धा और उत्साह का माहौल बना रहा। अकादमी के निदेशक अभिजीत दे ने बताया कि प्रतियोगिता में विजेता प्रतिभागियों को आगामी 12 अप्रैल को आयोजित होने वाले वार्षिक समारोह में सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि संस्था का उद्देश्य क्षेत्र में साहित्य और संस्कृति को बढ़ावा देना तथा नई प्रतिभाओं को मंच प्रदान करना है। कुल मिलाकर, यह भव्य आयोजन न केवल एक प्रतियोगिता तक सीमित रहा, बल्कि साहित्य और संस्कृति के प्रति लोगों में बढ़ते उत्साह का एक जीवंत उदाहरण बनकर सामने आया।
