खदान धंसने से महिला सहित दो की मौत, दो की हालत नाज़ुक, दो अब भी फंसे — रेस्क्यू युद्धस्तर पर
आसनसोल।आसनसोल–दुर्गापुर पुलिस कमिश्नरेट अंतर्गत कुल्टी थाना क्षेत्र के बोदरा स्थित बीसीसीएल ओपन कास्ट माइंस में मंगलवार को अवैध कोयला उत्खनन के दौरान एक भयावह दुर्घटना घटित हुई। अचानक खदान की चाल धंसने से वहां काम कर रहे छह लोग मलबे में दब गए, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया।
अब तक चार लोगों को बाहर निकाला जा चुका है, जिनमें एक महिला सहित दो की मौत की पुष्टि हुई है। दो अन्य मजदूरों की हालत गंभीर बनी हुई है और उनका उपचार आसनसोल जिला अस्पताल में जारी है। खदान के भीतर अब भी दो लोगों के फंसे होने की आशंका है। उन्हें सुरक्षित बाहर निकालने के लिए पोकलेन मशीनों की सहायता से युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। घटनास्थल पर पुलिस एवं सीआईएसएफ की भारी तैनाती की गई है। प्रत्यक्षदर्शियों एवं स्थानीय लोगों के अनुसार, हादसे के बाद कुछ कोयला माफिया द्वारा सबूत मिटाने और मृतकों के परिजनों को मौके से हटाने की कोशिश की गई। इसके बावजूद परिजन अपने प्रियजनों की एक झलक और उनके सुरक्षित होने की आखिरी उम्मीद लिए घटनास्थल पर डटे हुए हैं। क्षेत्र में शोक, आक्रोश और भय का माहौल व्याप्त है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि प्रशासन की जानकारी के बावजूद इस क्षेत्र में लंबे समय से अवैध खनन का संगठित नेटवर्क सक्रिय है। इससे पहले भी इसी खदान क्षेत्र में चाल धंसने से कई जानें जा चुकी हैं, लेकिन न तो दोषियों पर ठोस कार्रवाई हुई और न ही अवैध कोयला उत्खनन व तस्करी पर प्रभावी रोक लगाई जा सकी। आए दिन ट्रकों के जरिए कोयले की अवैध निकासी की शिकायतें सामने आती रही हैं। यह हादसा केवल एक दुर्घटना नहीं, बल्कि प्रशासनिक लापरवाही, सुरक्षा मानकों की घोर अनदेखी और कथित मिलीभगत का परिणाम प्रतीत होता है। पीड़ित परिवारों के साथ न्याय, दोषियों के विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई और अवैध खनन पर तत्काल व स्थायी रोक अब समय की अनिवार्य मांग है।
प्रशासन से अपेक्षा की जाती है कि वह इस मामले में उच्चस्तरीय जांच, जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय करने तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए कड़े और पारदर्शी कदम उठाए।
