
चित्तरंजन(संवाददाता): चित्तरंजन रेलइंजन कारखाना (चिरेका) ने रेल इंजन उत्पादन के क्षेत्र में एक और ऐतिहासिक सफलता हासिल की है। प्रमुख उपकरणों की आपूर्ति में उत्पन्न बाधाओं के बावजूद,टीम चिरेका ने एक बार फिर 300वें विद्युत इंजन का निर्माण करके समर्पण और प्रतिबद्धता का एक मिशाल पेश किया है। वित्त वर्ष 22-23 के 216 कार्य दिवसों में उत्पादित 300वें WAG-9 HC (33831) लोको को शुक्रवार 23 दिसंबर 2022 को कारखाना स्थित शॉप-19 के टेस्ट शेड से हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। दिसंबर के दौरान सेवानिवृत्त हो रहे चित्तरंजन रेलइंजन कारखाना कर्मचारियों के समूह ने श्री सतीश कुमार कश्यप,महाप्रबंधक की गरिमामई उपस्थिति में इस रेल इंजन को झंडी दिखाकर रवाना किया गया। इस मौके पर प्रमुख विभागध्यक्ष, वरीय अधिकारी, पर्यवेक्षक, कर्मचारी गण भी मौजूद थे।

यह उल्लेखनीय उपलब्धि सतीश कुमार कश्यप, महाप्रबंधक के नेतृत्व और मार्गदर्शन में इनसे निरंतर प्रेरणा और प्रोत्साहन पाकर चिरेका के कार्य कुशल कर्मचारियों द्वारा समुचित योजना और संसाधनों के प्रयास से प्राप्त किया है। कश्यप ने चिरेका की पूरी टीम को बधाई देते हुए इस उपलब्धि को हासिल करने में उनके सार्थक प्रयासों की सराहना की।
