
आसनसोल। मानसून के दौरान हर वर्ष दामोदर नदी पर बने अस्थायी लकड़ी के पुलों के बह जाने से परेशान हीरापुर थाना क्षेत्र के सामडी एवं आसपास के गांवों के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। पश्चिम बंगाल सरकार ने दामोदर नदी पर स्थायी पक्का पुल बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इससे वर्षों पुरानी आवागमन की समस्या का स्थायी समाधान होने की उम्मीद जगी है। हाल ही में लगातार हुई बारिश और दामोदर नदी के जलस्तर में वृद्धि के कारण सामडी क्षेत्र में केशकवारी तथा ईश्वरदा फेरी घाट पर बने दो अस्थायी लकड़ी के पुल तेज बहाव में बह गए थे। पुल टूटने से पश्चिम बर्दवान और बांकुड़ा जिले के बीच सीधा संपर्क बाधित हो गया। इसके कारण छात्रों, किसानों, व्यापारियों तथा दैनिक यात्रियों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। लोगों को या तो नाव के सहारे नदी पार करनी पड़ती है या फिर कई किलोमीटर का अतिरिक्त सफर तय करना पड़ता है। राज्य की मंत्री अग्निमित्रा पाल ने इस समस्या के स्थायी समाधान की घोषणा करते हुए बताया कि दामोदर नदी पर पक्का पुल बनाने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने कहा कि पुल निर्माण के लिए स्थल का सर्वेक्षण कार्य पूरा हो चुका है। साथ ही राज्य के मुख्य सचिव को विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराने के लिए पत्र भेजा गया है। डीपीआर तैयार होते ही वर्क ऑर्डर जारी कर निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया जाएगा। मंत्री ने विश्वास जताया कि पुल बनने के बाद सामडी और आसपास के हजारों ग्रामीणों को हर वर्ष मानसून में आने वाली परेशानी से स्थायी राहत मिलेगी। इससे शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, व्यापार और आपातकालीन सेवाओं के लिए आवागमन अधिक सुगम होगा तथा क्षेत्र के विकास को भी गति मिलेगी। सरकार के इस निर्णय का स्थानीय लोगों ने स्वागत करते हुए उम्मीद जताई है कि वर्षों से लंबित यह मांग अब जल्द पूरी होगी और बरसात के दिनों में आवागमन बाधित होने की समस्या का स्थायी समाधान मिल सकेगा।
