
रानीगंज। रानीगंज में खाद्य पदार्थों में मिलावट करने वालों के खिलाफ प्रशासन ने सख्त रुख अपनाना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में शुक्रवार को खाद्य विभाग और प्रवर्तन विभाग की संयुक्त टीम ने रानीगंज थाना क्षेत्र के दो अलग-अलग स्थानों पर चायपत्ती की दुकानों में छापेमारी कर करीब 250 किलोग्राम संदिग्ध एवं रंग मिली चायपत्ती बरामद की। कार्रवाई के दौरान पुलिस बल भी मौके पर मौजूद रहा। जानकारी के अनुसार, अधिकारियों की संयुक्त टीम ने सबसे पहले रानीगंज के व्यस्त बाजार क्षेत्र मारवाड़ी पट्टी स्थित एक चायपत्ती की दुकान पर छापेमारी की। इसके बाद टीम ने तारबंगला स्थित मधुआ मोड़ के समीप एक अन्य चायपत्ती प्रतिष्ठान में भी जांच अभियान चलाया। दोनों स्थानों पर अचानक हुई कार्रवाई से दुकानदारों और आसपास के व्यापारियों में अफरातफरी का माहौल बन गया। छापेमारी के दौरान दोनों प्रतिष्ठानों से बड़ी मात्रा में संदिग्ध चायपत्ती बरामद की गई। अधिकारियों के अनुसार, बरामद चायपत्ती में कृत्रिम रंग अथवा अन्य हानिकारक रसायनों की मिलावट किए जाने की आशंका है। आरोप है कि चायपत्ती को अधिक गहरा, आकर्षक और देखने में बेहतर बनाने के उद्देश्य से उसमें रंग तथा अन्य रासायनिक पदार्थ मिलाए जा रहे थे। ऐसी मिलावट आम लोगों के स्वास्थ्य के लिए गंभीर रूप से नुकसानदेह हो सकती है। कार्रवाई के दौरान खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बरामद चायपत्ती के नमूने जांच के लिए सुरक्षित कर लिए। इन नमूनों को प्रयोगशाला में भेजकर उनकी गुणवत्ता तथा उनमें इस्तेमाल किए गए पदार्थों की जांच की जाएगी। प्रयोगशाला जांच की रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि चायपत्ती में किस प्रकार के रंग अथवा रासायनिक पदार्थों की मिलावट की गई थी। वहीं, अधिकारियों की निगरानी में बची हुई बड़ी मात्रा में संदिग्ध चायपत्ती को मौके पर ही नष्ट कर दिया गया, ताकि उसे दोबारा बाजार में बेचकर लोगों के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ न किया जा सके। कार्रवाई के दौरान पुलिस की मौजूदगी में पूरी प्रक्रिया संपन्न हुई। प्रशासन की इस संयुक्त कार्रवाई को मिलावटखोरी के खिलाफ महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। अचानक हुई छापेमारी की खबर फैलते ही रानीगंज के अन्य दुकानदारों और व्यापारियों में भी हड़कंप मच गया। खाद्य विभाग की ओर से संकेत दिया गया है कि खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता के साथ किसी भी प्रकार का समझौता करने वालों के खिलाफ आगे भी जांच और कार्रवाई जारी रखी जाएगी। अधिकारियों का कहना है कि आम लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी व्यक्ति या प्रतिष्ठान को बख्शा नहीं जाएगा। खाद्य पदार्थों में मिलावट की शिकायत मिलने पर संबंधित प्रतिष्ठानों की जांच की जाएगी और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी। शुक्रवार की कार्रवाई को इसी अभियान की एक कड़ी के रूप में देखा जा रहा है।
