कोलकाता, 09 मार्च । महानगर कोलकाता शुक्रवार को तीन बड़ी रैलियों की वजह से पूरी तरह से अस्त-व्यस्त होने जा रहा है। महंगाई भत्ता (डीए) की मांग पर सरकारी कर्मचारियों ने पहले ही पूरे राज्य में प्रशासनिक हड़ताल की घोषणा कर दी है। इस बीच माकपा और भाजपा तथा कांग्रेस ने कर्मचारियों की हड़ताल का समर्थन किया है। इसके बाद सूत्रों ने बताया है कि शुक्रवार को भाजपा और माकपा की दो अलग-अलग रैलियां हैं जिसकी वजह से शहर में यातायात व्यवस्था और अधिक चरमरा सकती है। माकपा छात्र संगठन एसएफआई ने शुक्रवार को विधानसभा घेराव अभियान का आह्वान किया है। विश्वविद्यालयों और विभिन्न कॉलेजों में छात्रसंघ चुनाव की मांग पर उनका विधानसभा अभियान होना है।
दूसरी ओर भारतीय जनता पार्टी ने एडिनो वायरस संक्रमण को लेकर राज्य सरकार की निष्क्रियता और तथ्यों को छिपाने का आरोप लगाते हुए स्वास्थ्य भवन मार्च की घोषणा की है। पार्टी के युवा और महिला मोर्चा इन कार्यक्रमों का नेतृत्व करेंगे। हालांकि भाजपा का कार्यक्रम कोलकाता से बाहर होना है। साल्ट लेक करुणामई बस स्टैंड पर पार्टी कार्यकर्ता एकत्रित होंगे। वहां से रैली निकालकर स्वास्थ्य भवन तक मार्च करेंगे। पार्टी ने निर्णय लिया है कि अगर बीच में पुलिस रोकती है तो वही रास्ते पर ही बैठ कर विरोध प्रदर्शन करेंगे। भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष इंद्रनील खां ने गुरुवार को कहा कि राज्य की मुख्यमंत्री स्वास्थ्य मंत्री भी हैं और उनकी उदासीनता की वजह से एडिनो वायरस के कारण लगातार बच्चों की मौत हो रही है। इसी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन होना है।
