
आसनसोल। पश्चिम बर्धमान जिले के आसनसोल स्थित ब्रह्माकुमारी आश्रम में मंगलवार को ‘10 करोड़ नशा मुक्ति प्रतिज्ञा महाभियान’ के अंतर्गत एक भव्य जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में बढ़ती नशे की प्रवृत्ति के प्रति लोगों को जागरूक करना तथा विशेष रूप से युवाओं को नशामुक्त जीवन अपनाने के लिए प्रेरित करना था। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवाओं, महिलाओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं एवं विभिन्न वर्गों के लोगों ने भाग लेकर नशामुक्त भारत के निर्माण का संकल्प लिया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में आसनसोल उत्तर विधानसभा के विधायक कृष्णेंदु मुख़र्जी तथा आसनसोल दक्षिण थाना के प्रभारी बिश्वजीत मुखर्जी सहित अनेक गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया और उपस्थित लोगों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए समाज में जनजागरण की आवश्यकता पर बल दिया। अपने संबोधन में विधायक कृष्णेंदु मुखर्जी ने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज तीनों के लिए घातक है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे नशे से दूर रहकर स्वस्थ, सकारात्मक और अनुशासित जीवनशैली अपनाएं। उन्होंने कहा कि स्वस्थ नागरिक ही विकसित और समृद्ध राष्ट्र की आधारशिला होते हैं।समाज के प्रत्येक व्यक्ति को इस जनजागरण अभियान से जुड़कर नशामुक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी लोगों ने सामूहिक रूप से नशामुक्त भारत के निर्माण की शपथ ली। उन्होंने नशे से दूर रहने, दूसरों को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करने तथा सामाजिक सद्भाव, मानव कल्याण और राष्ट्र निर्माण के कार्यों में सक्रिय योगदान देने का संकल्प व्यक्त किया। इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने देश को नशामुक्त बनाने के राष्ट्रीय अभियान को जन-जन तक पहुंचाने का भी संकल्प लिया। ब्रह्माकुमारी आश्रम की ओर से कार्यक्रम में आध्यात्मिक मूल्यों, आत्मसंयम और सकारात्मक जीवनशैली को अपनाने पर विशेष बल दिया गया। साथ ही सभी के जीवन में शांति, उत्तम स्वास्थ्य, सद्भाव, नैतिक मूल्यों और समृद्धि की कामना करते हुए सामूहिक प्रार्थना भी की गई।वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं के बीच बढ़ती नशे की प्रवृत्ति समाज के लिए गंभीर चुनौती बन चुकी है। ऐसे जागरूकता अभियान लोगों को सही दिशा प्रदान करने के साथ-साथ समाज में नशे के विरुद्ध सकारात्मक वातावरण तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यदि समाज के सभी वर्ग मिलकर इस अभियान को जनआंदोलन का स्वरूप दें, तो नशामुक्त और स्वस्थ भारत का लक्ष्य निश्चित रूप से प्राप्त किया जा सकता है।कार्यक्रम का समापन नशामुक्त समाज के निर्माण के सामूहिक संकल्प और राष्ट्र के उज्ज्वल भविष्य की कामना के साथ हुआ।
