
दुर्गापुर/आसनसोल। महिलाओं को आर्थिक राहत और आत्मनिर्भरता की नई ताकत देने की दिशा में राज्य सरकार ने एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। सोमवार से पूरे राज्य में महिलाओं के लिए सरकारी बसों में निःशुल्क यात्रा सुविधा लागू कर दी गई। योजना के पहले ही दिन बस स्टैंडों और सरकारी बसों में महिला यात्रियों के चेहरे पर खुशी और उत्साह साफ दिखाई दिया।
नई व्यवस्था के तहत अब महिलाओं को सरकारी बसों में यात्रा करने के लिए किसी प्रकार का किराया नहीं देना होगा। परिवहन विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार महिला यात्रियों को बस में चढ़ने के दौरान अपना कोई वैध सरकारी पहचान पत्र दिखाना होगा। पहचान सत्यापित होने के बाद कंडक्टर द्वारा उन्हें ‘जीरो फेयर टिकट’ जारी किया जा रहा है, जिससे यात्रा का पूरा रिकॉर्ड भी सुरक्षित रहेगा।
रोजमर्रा के खर्च में मिलेगी राहत
महिला यात्रियों ने इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि इससे उनके मासिक यात्रा खर्च में उल्लेखनीय कमी आएगी। नौकरीपेशा महिलाओं, छात्राओं, स्वरोजगार से जुड़ी महिलाओं तथा विभिन्न क्षेत्रों में कार्यरत महिला यात्रियों को इस योजना से सीधा लाभ मिलेगा। उनका कहना है कि सरकार का यह निर्णय उनकी आर्थिक मजबूती और स्वतंत्र आवागमन को बढ़ावा देगा।
जनप्रतिनिधियों ने बताया महिला हितैषी निर्णय
इस योजना के शुभारंभ के अवसर पर पांडवेश्वर के विधायक जितेंद्र कुमार तिवारी, दुर्गापुर पश्चिम के विधायक लक्ष्मण घड़ुई,बाराबानी के विधायक अरिजीत रॉय तथा आसनसोल उत्तर के विधायक कृष्णेंदु मुखर्जी समेत कई गणमान्य लोग मौजूद रहे।
इस दौरान विधायक जितेंद्र कुमार तिवारी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता हमेशा महिलाओं के कल्याण और सशक्तिकरण को बढ़ावा देना रही है। उन्होंने कहा कि निःशुल्क बस यात्रा योजना महिलाओं को आर्थिक राहत प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें समाज के हर क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी।
महिला सशक्तिकरण की दिशा में नया अध्याय
राज्य सरकार की इस महत्वाकांक्षी योजना को महिला कल्याण और सामाजिक विकास की दिशा में एक मील का पत्थर माना जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे लाखों महिलाओं को प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा और शिक्षा, रोजगार तथा अन्य आवश्यक कार्यों के लिए उनकी आवाजाही पहले से अधिक सुगम और सुलभ हो सकेगी। महिलाओं के लिए शुरू की गई यह सुविधा राज्य में समावेशी विकास और सामाजिक समानता को नई गति देने का काम करेगी।
