
अखिल भारतीय मारवाड़ी महिला सम्मेलन के राष्ट्रीय रक्तदान एवं अंगदान प्रकल्प के अंतर्गत 1 मई से 15 मई 2026 तक राष्ट्रीय थैलेसीमिया जागरूकता पखवाड़ा आयोजित किया गया। इस पखवाड़े के दौरान प्रतिदिन पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष, वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष, राष्ट्रीय सचिव, राष्ट्रीय प्रकल्प प्रमुख एवं वरिष्ठजनों के मार्गदर्शन, आशीर्वचन तथा थैलेसीमिया जागरूकता संबंधी वीडियो एवं पोस्टर प्रकाशित किए गए।
15 मई 2026 को इस पखवाड़े का भव्य समापन समारोह ज़ूम सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ राष्ट्रीय अध्यक्ष आदरणीया रेखा जी राठी के आशीर्वचन एवं मार्गदर्शन से हुआ। गणेश वंदना राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आदरणीया सरोज जी पसारी द्वारा प्रस्तुत की गई तथा स्वागत उद्बोधन उमा जी अग्रवाल ने दिया। पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष अंजू सरावगी जी के प्रेरणादायी आशीर्वचन एवं मार्गदर्शन भी प्राप्त हुए।
थैलेसीमिया पखवाड़े के अंतर्गत “अनाज से निर्मित रंगोली” एवं “अनुपयोगी वस्तुओं से वॉल हैंगिंग” प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया, जिसमें देशभर की महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
अनाज से निर्मित रंगोली प्रतियोगिता में
प्रथम स्थान – नेहा झुनझुनवाला (रानीगंज शाखा, पश्चिम बंगाल)
द्वितीय स्थान – आरती गिल्ड (महबूबाबाद शाखा, तेलंगाना) एवं किरण सराफ (दुर्गापुर शाखा, पश्चिम बंगाल)
तृतीय स्थान – श्रद्धा बजाज (निंबाड़ा, राजस्थान) एवं प्राची केसान (बेतिया, बिहार)
चतुर्थ स्थान – वर्षा मोदी (तिताबर नव शक्ति सृजन शाखा, असम) एवं पूनम तापड़िया (वाशीम, महाराष्ट्र)
पंचम स्थान – पलक अग्रवाल (महू, मध्य प्रदेश), सीमा झुनझुनवाला (चेन्नई, तमिलनाडु) एवं मीना अग्रवाल (जमशेदपुर, झारखंड) ने प्राप्त किया।
देशभर के 15 प्रदेशों से लगभग 56 आकर्षक अनाज रंगोलियां प्राप्त हुईं। सभी विजेताओं को राष्ट्रीय अध्यक्ष रेखा जी राठी द्वारा सम्मान पत्र एवं पुरस्कार राशि प्रदान कर सम्मानित किया गया।
अनुपयोगी वस्तुओं से वॉल हैंगिंग प्रतियोगिता में 12 प्रदेशों से 32 सुंदर प्रविष्टियां प्राप्त हुईं।
प्रथम स्थान – अर्चना सोनी (बलसोड़ हिंगोली, महाराष्ट्र)
द्वितीय स्थान – डॉली पनवाड़ (सुगंध कोटा, राजस्थान)
तृतीय स्थान – रेखा ओझा (शाहाबाद, कर्नाटक) एवं सुमन जिंदल (रोहिणी शाखा, दिल्ली)
चतुर्थ स्थान – कविता कोठारी (मणिकर्णिका, गुजरात) एवं कविता अग्रवाल (जाजपुर रोड, उड़ीसा)
पंचम स्थान – मधु डूमरेवाल (आसनसोल, पश्चिम बंगाल), ममता खंडेलवाल (प्रतापगढ़, उत्तर प्रदेश) एवं निशा हिसारिया (बेगूसराय, बिहार) ने प्राप्त किया।
सभी विजेताओं को राष्ट्रीय प्रमाण पत्र एवं सहयोग राशि प्रदान की गई।
कार्यक्रम के विशेष अतिथि बिहार प्रदेश के प्रसिद्ध “ब्लड मैन” मुकेश जी रहे। राष्ट्रीय सचिव आदरणीया बबीता जी बगड़िया ने उनका परिचय करवाया। मुकेश जी ने थैलेसीमिया मुक्त भारत की दिशा में महत्वपूर्ण जानकारी देते हुए कहा कि जैसे बच्चों के 10वीं-12वीं के परिणाम घोषित किए जाते हैं, उसी प्रकार थैलेसीमिया जांच रिपोर्ट भी अनिवार्य रूप से दी जानी चाहिए। उन्होंने प्रत्येक गर्भवती महिला के रक्त परीक्षण की आवश्यकता पर भी विशेष बल दिया, जिससे आने वाली पीढ़ी को थैलेसीमिया से मुक्त बनाया जा सके।
कार्यक्रम में राष्ट्रीय प्रकल्प प्रमुख उमा अग्रवाल द्वारा थैलेसीमिया जागरूकता पर रोचक क्विज भी आयोजित की गई, जिसकी विजेता रहीं – अर्चना सारडा (वाशीम शाखा, महाराष्ट्र), रचना जोशी (तुमसर शाखा, महाराष्ट्र), पूनम सराफ (रानीगंज शाखा, पश्चिम बंगाल) एवं राजकुमारी जैन (परोला, महाराष्ट्र)।
कार्यक्रम का सफल मंच संचालन राष्ट्रीय प्रकल्प प्रमुख पूनम जयपुरिया द्वारा किया गया। रंगोली एवं वॉल हैंगिंग के वीडियो प्रस्तुतीकरण में रचना जोशी तथा तकनीकी सहयोग में मधु डूमरेवाल का विशेष योगदान रहा। अंत में धन्यवाद ज्ञापन राष्ट्रीय सचिव बबीता जी बगड़िया द्वारा प्रस्तुत किया गया।
इस प्रकार थैलेसीमिया जागरूकता पखवाड़े का समापन अत्यंत सफल, प्रेरणादायी एवं सुव्यवस्थित रूप से संपन्न हुआ।
