
रानीगंज। दुर्गापूजा के उल्लास के बीच समाज के जरूरतमंद लोगों के साथ खुशियां साझा करने और त्योहार की उमंग को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से रानीगंज के रामबागान इलाके में साड़ी वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। देवांश रियलकॉम प्राइवेट लिमिटेड के प्रमुख एवं भाजपा के प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य मनोज कुमार ओझा की पहल पर आयोजित इस कार्यक्रम में सैकड़ों जरूरतमंद महिलाओं के बीच साड़ियां बांटी गईं। इस पहल के माध्यम से महिलाओं को दुर्गापूजा के अवसर पर सहयोग प्रदान करने के साथ उनके त्योहार को खुशहाल बनाने का प्रयास किया गया। रामबागान स्थित मनोज कुमार ओझा के कार्यालय के बाहर आयोजित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं पहुंचीं। इस दौरान उन्हें साड़ियां वितरित की गईं। नई साड़ियां पाकर महिलाओं के चेहरों पर खुशी और संतोष दिखाई दिया। त्योहार के अवसर पर मिली इस सौगात से उनके उत्साह में भी वृद्धि हुई। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों की महिलाओं के साथ दुर्गापूजा की खुशियां साझा करना और उन्हें त्योहार के उल्लास में सहभागी बनाना रहा।दुर्गापूजा पश्चिम बंगाल के प्रमुख त्योहारों में से एक है। यह पर्व धार्मिक आस्था के साथ-साथ सामाजिक सद्भाव, आपसी सहयोग और भाईचारे का भी संदेश देता है। त्योहार के दौरान नए वस्त्र पहनने और परिवार के साथ खुशियां मनाने की परंपरा है। ऐसे में आर्थिक कठिनाइयों के कारण त्योहार की तैयारियां पूरी नहीं कर पाने वाले परिवारों की सहायता करना सामाजिक जिम्मेदारी का महत्वपूर्ण हिस्सा है। इसी भावना को ध्यान में रखते हुए मनोज कुमार ओझा की पहल पर साड़ी वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस तरह की पहल के माध्यम से समाज के जरूरतमंद वर्गों तक सहायता पहुंचाने और उनके जीवन में खुशियों के कुछ पल जोड़ने का प्रयास किया जाता है। दुर्गापूजा के अवसर पर महिलाओं के बीच साड़ियों का वितरण भी इसी सामाजिक उद्देश्य से जुड़ा रहा। कार्यक्रम के जरिए यह संदेश देने की कोशिश की गई कि त्योहार की वास्तविक खुशी तभी सार्थक होती है, जब समाज के सभी वर्गों को उसमें शामिल होने का अवसर मिले।कार्यक्रम के दौरान रानीगंज भाजपा युवा मोर्चा के अध्यक्ष एवं भाजपा की कोर कमेटी के सदस्य मोनू वर्मा भी उपस्थित रहे। उनकी मौजूदगी में महिलाओं के बीच साड़ियों का वितरण किया गया। आयोजन के माध्यम से दुर्गापूजा के उल्लास के बीच सामाजिक सेवा, सहयोग और जरूरतमंदों की सहायता के महत्व को रेखांकित किया गया। मनोज कुमार ओझा की इस पहल को त्योहार के अवसर पर जरूरतमंद महिलाओं के साथ खुशियां बांटने के प्रयास के रूप में देखा गया। कार्यक्रम ने इस विचार को सामने रखा कि सामाजिक सरोकारों से जुड़े छोटे-छोटे प्रयास भी लोगों के जीवन में प्रसन्नता लाने और समाज में आपसी आत्मीयता की भावना को मजबूत करने में सहायक हो सकते हैं।
