योग दिवस में सरकारी कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य नहीं, कलकत्ता उच्च न्यायालय में राज्य सरकार का स्पष्टीकरण

कोलकाता, 19 जून । आगामी अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित होने वाले कार्यक्रम में सरकारी कर्मचारियों की उपस्थिति अनिवार्य नहीं होगी। शुक्रवार को कलकत्ता उच्च न्यायालय में सुनवाई के दौरान पश्चिम बंगाल सरकार ने यह स्पष्ट किया कि कार्यक्रम में शामिल होना किसी भी सरकारी कर्मचारी के लिए बाध्यकारी नहीं है और अनुपस्थित रहने पर उनके खिलाफ कोई दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी।

दरअसल, राज्य सरकार के मुख्य सचिव कार्यालय की ओर से 14 जून को जारी एक निर्देश में राज्य सरकार के स्थायी, अस्थायी, संविदा, दैनिक वेतनभोगी, आउटसोर्स तथा मानदेय आधारित कर्मचारियों सहित सरकारी उपक्रमों, स्वायत्त संस्थाओं और स्थानीय निकायों के कर्मचारियों को योग दिवस कार्यक्रम में भाग लेने का निर्देश दिया गया था।

इस निर्देश को चुनौती देते हुए वामपंथी प्रभाव वाले सरकारी कर्मचारी संगठन को-ऑर्डिनेशन कमेटी ने कलकत्ता उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। मामले की सुनवाई के दौरान न्यायमूर्ति अमृता सिन्हा ने गुरुवार को राज्य सरकार से यह स्पष्ट करने को कहा था कि इस प्रकार का निर्देश जारी करने का अधिकार उसके पास है या नहीं। इसके जवाब में शुक्रवार को राज्य सरकार ने हलफनामे के माध्यम से स्पष्ट किया कि कार्यक्रम में उपस्थिति स्वैच्छिक है, अनिवार्य नहीं।

21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के राष्ट्रीय कार्यक्रम में भाग लेने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कोलकाता पहुंच रहे हैं। उनके दौरे को लेकर शहर में व्यापक तैयारियां चल रही हैं। रेड रोड और आसपास के इलाकों में यातायात संबंधी प्रतिबंध लगाए गए हैं तथा बड़े पैमाने पर आधारभूत संरचना की तैयारियां की जा रही हैं।

इस आयोजन को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई करते हुए उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार के निर्णय में हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया। न्यायालय ने किसी प्रकार का अंतरिम स्थगनादेश भी जारी नहीं किया। हालांकि, आम लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए पुलिस को वैकल्पिक मार्गों से यातायात संचालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है।

प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, योग दिवस का मुख्य कार्यक्रम कोलकाता के रेड रोड पर आयोजित होगा। मानसून के मौसम और शहर के विभिन्न मैदानों में जलभराव एवं कीचड़ की स्थिति को देखते हुए इस स्थल का चयन किया गया है। अब तक कार्यक्रम में भाग लेने के लिए लगभग 38 हजार लोगों ने पंजीकरण कराया है।

मुख्य मंच के सामने करीब 35 हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा कोलकाता नगर क्षेत्र और आसपास के विभिन्न स्थानों पर आयोजित योग कार्यक्रमों के माध्यम से लाखों लोगों के इस आयोजन में शामिल होने की संभावना जताई जा रही है

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *