
“केंद्रीय वेतनमान लागू होने तक जारी रहेगा संघर्ष” — महासचिव संजीत बनर्जी
आसनसोल। आसनसोल के बर्नपुर स्थित स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (SAIL) के अधीन इंडियन आयरन एंड स्टील कंपनी (ISP) में श्रमिकों की विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार शाम भारतीय मजदूर संघ (BMS) से संबद्ध बर्नपुर इस्पात कर्मचारी संघ की ओर से टनेल गेट के समीप स्थित डीआईसी कार्यालय के पास एक विशाल विरोध सभा एवं गेट मीटिंग का आयोजन किया गया। सभा में बड़ी संख्या में स्थायी और ठेका श्रमिक शामिल हुए तथा प्रबंधन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की गई। सभा के दौरान श्रमिकों ने अपनी छह सूत्री मांगों को लेकर एकजुटता दिखाई और प्रबंधन पर श्रमिक विरोधी नीतियां अपनाने का आरोप लगाया। पूरे इलाके में देर शाम तक मजदूरों की आवाज गूंजती रही और श्रमिक एकता का प्रदर्शन देखने को मिला।
ठेका श्रमिकों के लिए केंद्रीय वेतनमान की मांग
सभा को संबोधित करते हुए बर्नपुर इस्पात कर्मचारी संघ के महासचिव Sanjit Banerjee ने कहा कि बीएमएस लंबे समय से SAIL-ISP में कार्यरत ठेका श्रमिकों के लिए केंद्रीय वेतनमान लागू करने की मांग कर रही है और यह आंदोलन अंतिम निर्णय तक जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि ठेका मजदूर वर्षों से कठिन परिस्थितियों में काम कर रहे हैं, लेकिन उन्हें उनके श्रम के अनुरूप उचित वेतन और सुविधाएं नहीं मिल रही हैं। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि जब तक प्रत्येक ठेका श्रमिक को उसका अधिकार नहीं मिल जाता, तब तक संगठन का संघर्ष जारी रहेगा।
“एकतरफा नियम नहीं चलेंगे”
महासचिव संजीत बनर्जी ने ISP प्रबंधन पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि कर्मचारियों पर लगातार एकतरफा नियम थोपे जा रहे हैं, जिसे अब मजदूर स्वीकार करने के लिए तैयार नहीं हैं। उन्होंने कहा कि प्रबंधन की मनमानी के खिलाफ सभी श्रमिक एक मंच पर आ चुके हैं और यह एकता आने वाले समय में और मजबूत होगी। उन्होंने कहा कि मजदूरों की समस्याओं को नजरअंदाज कर केवल प्रशासनिक दबाव बनाना उचित नहीं है। श्रमिकों को सम्मानजनक वातावरण और न्यायपूर्ण व्यवस्था मिलनी चाहिए।
मान्यता प्राप्त यूनियन चुनाव की उठी मांग
सभा के दौरान ISP में मान्यता प्राप्त यूनियन के चुनाव कराने की मांग भी जोरदार तरीके से उठाई गई। संजीत बनर्जी ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत श्रमिकों को अपनी प्रतिनिधि यूनियन चुनने का अधिकार मिलना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान व्यवस्था में प्रबंधन अपनी सुविधा के अनुसार काम कर रहा है, जिससे श्रमिकों की वास्तविक आवाज दब रही है। उन्होंने मांग की कि जल्द से जल्द निष्पक्ष तरीके से यूनियन चुनाव कराया जाए ताकि मजदूर अपनी पसंद की यूनियन का चयन कर सकें।
“शोषण और कटमनी के खिलाफ तेज होगा आंदोलन”
सभा में महासचिव ने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले दिनों में ISP में श्रमिक शोषण, कटमनी प्रथा तथा प्रबंधन की दलाली करने वाले यूनियनों के खिलाफ आंदोलन को और तेज किया जाएगा। उन्होंने कहा कि BMS श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा के लिए हर स्तर पर संघर्ष करने को तैयार है। उन्होंने श्रमिकों से एकजुट रहने की अपील करते हुए कहा कि संगठन की ताकत ही मजदूरों की सबसे बड़ी शक्ति है और इसी एकता के बल पर श्रमिक अपने अधिकार प्राप्त करेंगे।
बड़ी संख्या में शामिल हुए श्रमिक
इस विशाल गेट मीटिंग में यूनियन अध्यक्ष अजय सिंह, संजीत बनर्जी,महेश बनर्जी, संजीत प्रसाद, अमित सिंह, दीपक सिंह, सचिन कुमार, संतोष झा समेत बड़ी संख्या में BMS कार्यकर्ता और ISP कर्मी उपस्थित रहे। सभा के दौरान टनेल गेट क्षेत्र में जोरदार नारेबाजी होती रही, जिससे पूरा इलाका मजदूरों की आवाज से गूंज उठा।
श्रमिकों की प्रमुख मांगें
सभा में श्रमिकों ने अपनी छह प्रमुख मांगों को दोहराते हुए प्रबंधन से जल्द समाधान की मांग की। इनमें ठेका श्रमिकों के लिए केंद्रीय वेतनमान लागू करना, ISP में मान्यता प्राप्त यूनियन का चुनाव कराना, एकतरफा स्थानांतरण और निलंबन पर रोक लगाना, सुरक्षा उपकरण और कैंटीन सुविधाओं में सुधार, बोनस और एरियर का समय पर भुगतान तथा स्थानीय युवाओं को नियोजन में प्राथमिकता देने जैसी मांगें शामिल हैं। सभा के अंत में यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि श्रमिकों की मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया, तो आने वाले दिनों में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
