
आसनसोल। भारतीय जनसंघ के संस्थापक, प्रख्यात शिक्षाविद एवं राष्ट्रवादी चिंतक डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की 125वीं जयंती के अवसर पर सोमवार को आसनसोल के रवींद्र भवन में पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से एक गरिमामय श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन किया गया। समारोह में जिले के प्रशासनिक अधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य लोगों ने भाग लेकर डॉ. मुखर्जी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की तथा राष्ट्र निर्माण, शिक्षा और राष्ट्रीय एकता के क्षेत्र में उनके अतुलनीय योगदान को स्मरण किया। कार्यक्रम में आसनसोल के जिलाधिकारी एस. पोन्नबलम, आसनसोल उत्तर के विधायक कृष्णेंदु मुखर्जी, पांडवेश्वर के विधायक जितेंद्र तिवारी तथा रानीगंज के विधायक पार्थ घोष सहित जिले के कई वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी एवं अन्य विशिष्ट अतिथि उपस्थित रहे। सभी ने डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के आदर्शों एवं विचारों को वर्तमान समय में भी प्रासंगिक बताते हुए उनके बताए मार्ग पर चलने का आह्वान किया। इस अवसर पर जिलाधिकारी एस. पोन्नबलम ने कहा कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी केवल एक महान शिक्षाविद और कुशल राजनेता ही नहीं थे, बल्कि उन्होंने देश की एकता, अखंडता और लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने बताया कि उनकी 125वीं जयंती के उपलक्ष्य में जिला, महकमा तथा प्रखंड स्तर पर विभिन्न सरकारी कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, ताकि नई पीढ़ी उनके जीवन, व्यक्तित्व एवं राष्ट्र के प्रति उनके योगदान से प्रेरणा प्राप्त कर सके। जिलाधिकारी ने यह भी जानकारी दी कि डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती के महत्व को देखते हुए पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा इस अवसर पर सरकारी अवकाश घोषित किया गया है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य महापुरुषों के आदर्शों को समाज तक पहुंचाना और उनके विचारों के प्रति लोगों में जागरूकता बढ़ाना है। समारोह के दौरान उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने डॉ. मुखर्जी के जीवन दर्शन, शिक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान तथा राष्ट्रीय हितों के प्रति उनकी अटूट प्रतिबद्धता को याद करते हुए उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। पूरे कार्यक्रम का वातावरण श्रद्धा, सम्मान और राष्ट्रभक्ति की भावना से ओत-प्रोत रहा।
