रानीगंज। रानीगंज के आमरासोता पंचायत के बांसड़ा कोलियरी इलाके में टीएमसी नेताओं के खिलाफ पोस्टर लगाए गए इनमें यहां के स्थानीय नेताओं के खिलाफ तमाम तरह के आरोप लगाए गए हैं इन पोस्टरों में लिखा है कि पार्थ चैटर्जी अर्पिता मुखर्जी की तरह अगर किसी टीएमसी नेता का अवैध संबंध ना हो तो उसे पार्टी में ऊंचा पद नहीं मिल सकता इसके साथ ही कोलियरी इलाके में आवास दिलवाने में कर्मियों के तबादले मैं भी रिश्वतखोरी का आरोप लगाया गया है इस बारे में जब हमने स्थानीय टीएमसी नेता अभिजीत मुखर्जी से बात की तो उन्होंने कहा कि मीडिया के जरिए ही उनको इन पोस्टरों के बारे में खबर मिली है उन्होंने बताया कि पार्टी के स्तर पर इसकी जांच की जाएगी और अगर इसमें किसी भी टीएमसी नेता की संलिप्तता पाई गई या पाया गया इस को लेकर कोई भी टीएमसी नेता दोषी है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी उसे कारण बताओ नोटिस दिया जाएगा और जरूरत पड़ी तो पार्टी से बहिष्कार भी किया जाएगा वही कोलियरी आवास और कर्मियों के तबादले में रिश्वतखोरी के मामले पर उन्होंने कहा कि इस बारे में तृणमूल कांग्रेस के कोयला खदान संगठन का नेतृत्व जांच करेगा और अगर कोई टीएमसी नेता इसमें संलिप्त पाया गया तो उसके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाएगी उन्होंने कहा कि यह इलाका पहले माकपा का गढ़ हुआ करता था लेकिन इसे पिछले चुनाव में टीएमसी ने छीन लिया उन्होंने इसके पीछे विपक्षी दलों की साजिश का भी अंदेशा जताया वही टीएमसी के एक और नेता शुभोजीत मंडल ने कहा कि पार्थो अर्पिता को लेकर जो भी पोस्टर लगाए गए हैं वह सभी मामले अदालत में विचाराधीन है इसलिए उसपर कुछ भी टिप्पणी नहीं करेंगे हालांकि उन्होंने इस बात का भी संदेह जताया कि आने वाले पंचायत चुनाव के मद्देनजर इस तरह के पोस्टर लगाकर माकपा और भाजपा टीएमसी को बदनाम करने की साजिश भी रच सकती है।
